Monday, February 1, 2016

(बेवफाई सायरी ) दिल की नाज़ुक धड़कनो को मेरे सनम तुमने धड़कना सीखा दिया

दिल  की  नाज़ुक  धड़कनो  को ..
मेरे  सनम तुमने  धड़कना  सीखा  दिया ,
जब  से  मिला  है  तेरा  प्यार  दिल  को ,
गम  में  भी  मुस्कुराना  सीखा  दिया

(बेवफाई सायरी ) अपनों को कभी रोने मत देना

तनहा  खुद  को  कभी  मत  होने  देना ,
अपनों  को  कभी  रोने  मत  देना ,
आप  बहुत  ख़ास  हैं  हमारे  लिए ..
इस  ख़याल  को  अपने  से  कभी  जुड़ा  होने  मत  देना !

आँखों में रहने वाले को याद नहीं करते

आँखों  में  रहने  वाले  को  याद  नहीं  करते ,
दिल  में  रहने  वाले  की बात  नहीं  करते ,
हमारी  तो  रूह  में  बस  गए  हो  आप ,
तभी तो  मिलने  की  फरियाद  नहीं करते

तुम वही हो जिनके बिना हम रह नहीं पाते.

आँखों  की  गहराई  को  समझ  नहीं  पाते ,
होठ  है  मगर  कुछ  हम  कह  नहीं  पाते ,
अपनी  दिल  की  बात  किस  तरह  कहे  तुमसे ,
 तुम  वही  हो  जिनके  बिना  हम  रह  नहीं  पाते.

हम तो बेहोश यु ही हो जाते क्या ज़रुरत थी मुस्कुराने की

मस्त  नज़रों  से  देख  लेना  था
अगर  तमन्ना  थी  आज़माने  की ,
हम  तो  बेहोश  यु  ही  हो  जाते
क्या  ज़रुरत  थी  मुस्कुराने  की

महकती बहारो में तुम्हे फूलों की तरह देखा है

महकती  बहारो  में  तुम्हे  फूलों की  तरह देखा  है ,
बरसते  सावन  में  तुम्हे  बूँदो  की तरह  देखा  है ,
सजा  रखे  है जो ख्वाब  अपनी  ज़िन्दगी  की  रहो  में ,
उन  रहो  में  तुम्हे  अपनी  दुल्हन  बनते  देखा  है .

आपकी मुस्कराहट ने हमें बेहोश कर दिया

आपकी  मुस्कराहट  ने  हमें  बेहोश  कर  दिया ,
हम  होश  में  आने  ही  वाले  थे ,
की  आपने  फिर  से  मुस्कुरा  दिया

जो खुद गुलाब है उसको क्या गुलाब दू



तुम्हारी  इस  तुम्हारी  इस  अदा  का  क्या  जवाब  दू ,
अपने  दोस्त  को  क्या  उपहार  दू ,
कोई  अच्छा  सा  फूल  होता  तो  माली  से  मंगवाता ,
जो  खुद  गुलाब  है  उसको  क्या  गुलाब  दू

कभी सजदे में जाकर पूछो अपने रब से

मैंने   दुआ  में  तुझे  माँगा  है ,
मगर  वफ़ा  से  माँगा  है ..!!
कभी  सजदे  में  जाकर  पूछो  अपने  रब  से ,
की   मैंने  किस   किस  अदा   से  तुम्हे  माँगा  है ..!!

तेरी धड़कन ही ज़िंदगी का किस्सा है मेरा

तेरी धड़कन ही ज़िंदगी का किस्सा है मेरा,
तू ज़िंदगी का एक अहम् हिस्सा है मेरा..
मेरी मोहब्बत तुझसे, सिर्फ़ लफ्जों की नहीं है,
तेरी रूह से रूह तक का रिश्ता है मेरा..!!

Monday, January 4, 2016

माना की तेरी नज़र के काबिल ना थे हम

एक दिन जब हुआ इश्क़ का एहसास

सुबह होती है मेरी , तेरे नाम से

 सुबह  होती  है मेरी , तेरे  नाम  से ,

दिन  जाता  है  अपने  काम  से .

शाम  होते  ही फिर  ख्याल  आता  है  तेरा ,

दुआ  है  खुद  से , बना  दे  तुझे  मेरा .

Subah hoti hai meri, tere naam se,
din jaata hai apne kaam se.
Sham hote hi phir khayal aata hai tera, 
dua hai khuda se, bana de tujhe mera.